लखनऊ : विभिन्‍न मामलों के 80 से अधिक मुकदमों दर्ज होने का रिकॉर्ड तोड़ने वाले बड़बोले सपा सांसद की अखिलेश यादव अब ढाल बन कर सामने उतरे हैं। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव नौ सितंबर सोमवार को आजम के बचाव में रामपुर में केंद्र व राज्‍य सरकार पर शब्‍दों के बाण चलाएंगे। यह बाद दिगर है कि यह बाण किस-किसी के जिगर को जख्‍मी करता है।
बता दें कि करीब तीन दिन पहले  मुलायम सिंह यादव ने भी सपा सांसद आजम खां के बचाव में उतरे थे। कहा जा रहा है कि मुलायम के आह्वान पर ही अखिलेश ने आजम खां पर हो रही कार्रवाई के विरोध की कमान संभाल ली है। इससे पहले भी अखिलेश ने लोकसभा में आजम खां का बचाव कर चुके हैं।
आजम के कई करीबियों पर भी पुलिस ने एक के बाद एक  कार्रवाई की है।  पुलिस की कार्रवाई से बचने के लिए कई सपा कार्यकर्ता रामपुर छोड़ रहे हैं। आजम खां भी इस लड़ाई में अकेले पड़ते दिखाई दे रहे थे। उल्‍लेखनीय है कि मुलायम सिंह यादव ने कहा था कि आजम की बेइज्जती का कार्यकर्ता विरोध करें। अखिलेश के साथ पार्टी के कई बड़े नेता भी रामपुर जाएंगे। ऐसे में नौ सितंबर को पूरे देश की नजर अखिलेश यादव और रामपुर पर होगी। राजनीति के गलियारों में अखिलेश की इस रैली को रामपुर शहर विधानसभा सीट पर होने वाले उप चुनाव को लेकर  भी देखा जा रहा है। बता दें कि यह विधानसभा सीट परंपरागत रूप से सपा की मानी जाती है। सांसद बनने से पहले आजम खां इस सीट से नौ बार चुनाव जीत चुके हैं। राजनीतिक पंडितों का मानना है कि सपा प्रमुख के इस कदम से आने वाले दिनों में रामपुर की राजनीति गरमाएगी। 
Previous Post Next Post

Ads.

Ads.

Ads.